हर सुबह आती है जैसे , रात के जाने के बाद. याद उनकी आती है, उनके खो जाने के बाद. ज़िंदगी की राह में, अक्सर ही ऐसा होता है,  गुनगुनाते हैं हम नगमे,  शब्द खो जाने के बाद. लेके ज़हन में घूमते हैं, तस्वीर किसी की यूँ सदा, कि  देख ना पाएँगे उन्हें हम, आँख नम होने के बाद. आधी-अधूरी…

यूँ मैं बहुत धार्मिक नहीं और पूजा पाठ में तो यकीन न के बराबर है. पर मैं नास्तिक भी नहीं और उत्सवों में त्योहारों में बहुत दिलचस्पी है. उनमें यथासंभव भाग लेने की कोशिश भी हमेशा रहा करती है. ऐसे में जब पता चले कि अपने ही इलाके में जगन्नाथ भगवान की रथयात्रा का आयोजन है तो जाए बिना रहा…

आइये आज आपको ले चलती हूँ एडिनबर्ग   .स्कॉट्लैंड की राजधानी.-  स्कॉट्लैंड- जो १७०७ से पहले एक  स्वतंत्र राष्ट्र था , अब इंग्लैंड का एक हिस्सा है और  ग्रेट ब्रिटेन के उत्तरी आयरलैंड के एक तिहाई हिस्से को घेरे हुए   है ,दक्षिण में इंग्लैंड की सीमा को छूता है तो पूर्व में नोर्थ सी को, जिसके उत्तर पश्चिम में अटलांटिक…

बचपन से राजा महाराजाओं ,राजघरानो के किस्से सुनते आये हैं.उनके वैभव, राजसी ठाट बाट, जो कभी भी किसी भी हालत में कम नहीं होते थे. बेशक जनता के घर खाली हो जाएँ पर राजा का खजाना कभी खाली नहीं होता था.. राज परिवार में से किसी की  भी सवारी नगर से निकलती तो सड़क के दोनों और जनता उमड़ पड़ती.बच्चे ,बूढ़े, स्त्रियाँ सभी करबद्ध खड़े…

कितनी ठिठुरन है आज  चलो न, पी आएं एक एक कप कॉफी  मैं लूंगी एक लार्ज कैपचीनो,  जिसपर बनाता है वह एक दिल,  चॉकलेट और अपनी कला से. तुम ले लेना अपनी लाटे,  सफ़ेद, दूध, चीनी से भरी. ये कॉफ़ी भी व्यक्तित्व का रूपक होती हैं न.…